महिला नेतृत्व वाला विकास: बीते 12 वर्षों में भारत ने तय किया सशक्तिकरण का नया सफर - पीएम मोदी
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज देश की 'नारी शक्ति' के योगदान की सराहना करते हुए महिला नेतृत्व वाले विकास (Women-Led Development) पर विशेष जोर दिया। पीआईबी (PIB) से प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले 12 वर्षों में भारत सरकार ने जिस तरह से महिलाओं को हर क्षेत्र में आगे बढ़ाने का कार्य किया है, वह आज राष्ट्र की प्रगति में स्पष्ट रूप से परिलक्षित हो रहा है।
आधारशिला बनी नारी शक्ति
प्रधानमंत्री ने संस्कृत के एक सुभाषितम् को साझा करते हुए कहा कि भारत की नारी शक्ति ही राष्ट्र निर्माण की वास्तविक आधारशिला है। उन्होंने कहा, "आज हमारी माताएं, बहनें और बेटियां अपनी अद्भुत प्रतिभा और कौशल से 'मां भारती' को गौरवान्वित कर रही हैं।"
शिक्षा से अंतरिक्ष तक बढ़ते कदम
प्रधानमंत्री ने उल्लेख किया कि एनडीए सरकार की नीतियां गरिमा, अवसर और सशक्तिकरण के त्रिकोणीय स्तंभों पर आधारित हैं। इसका परिणाम यह है कि महिलाएं आज केवल पारंपरिक क्षेत्रों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि:
विज्ञान और अंतरिक्ष: नवाचार और स्पेस सेक्टर में महिलाओं की भागीदारी बढ़ी है।
ड्रोन प्रौद्योगिकी: उभरते हुए इस आधुनिक क्षेत्र में महिलाओं की सक्रिय भूमिका विकास के नए द्वार खोल रही है।
विविध क्षेत्र: वित्तीय समावेशन (Financial Inclusion), उद्यमिता, स्वास्थ्य सेवा, खेल, और शासन (Governance) में महिलाओं की भूमिका महत्वपूर्ण और निर्णायक हो गई है।
स्वयं सहायता समूह: आर्थिक आत्मनिर्भरता का आधार
प्रधानमंत्री ने इस बात पर विशेष संतोष व्यक्त किया कि सरकार द्वारा समर्थित स्वयं सहायता समूह (SHGs) महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने में गेम-चेंजर साबित हो रहे हैं। इन समूहों के माध्यम से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों की महिलाएं न केवल खुद सशक्त हो रही हैं, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था को भी गति दे रही हैं।
एक समावेशी वातावरण का निर्माण
पीएम मोदी ने जोर देकर कहा कि सरकार का लक्ष्य एक ऐसा पारिस्थितिकी तंत्र (Ecosystem) तैयार करना है, जहां महिलाएं अपनी पूर्ण क्षमता (Full Potential) का अहसास कर सकें। इससे वे राष्ट्र निर्माण में और भी मजबूती के साथ अपना योगदान दे सकेंगी।
SJM 24 News के लिए रिपोर्ट: (राष्ट्रीय डेस्क)