लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने गायत्री परिवार के शताब्दी समारोह को किया संबोधित; कहा- आध्यात्मिक पुनर्जागरण, सामाजिक परिवर्तन और राष्ट्र निर्माण में संगठन का योगदान अतुलनीय
नई दिल्ली (SJM 24 न्यूज़):
लोकसभा अध्यक्ष श्री ओम बिरला ने शनिवार को नई दिल्ली में आयोजित गायत्री परिवार के 'शताब्दी समारोह 2026' में शिरकत की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने परम पूज्य गुरुदेव पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य जी और वंदनीय माता भगवती देवी शर्मा जी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। अपने संबोधन में लोक सभा अध्यक्ष ने राष्ट्र की आध्यात्मिक चेतना के जागरण, सामाजिक परिवर्तन, चरित्र निर्माण और राष्ट्र निर्माण में गायत्री परिवार के अमूल्य योगदान की भूरि-भूरि प्रशंसा की।
श्री ओम बिरला ने कहा कि यह शताब्दी समारोह केवल अतीत के स्मरण का अवसर नहीं है, बल्कि यह एक ऐसी सृजनात्मक क्रांति का उत्सव है जिसने देश-दुनिया के करोड़ों लोगों के जीवन में सकारात्मक और युगपरिवर्तनीय बदलाव लाया है।
"हम बदलेंगे, युग बदलेगा" का मंत्र आज भी प्रासंगिक
आचार्य श्रीराम शर्मा जी के विचारों का स्मरण करते हुए लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि उन्होंने 'अखंड ज्योति' के माध्यम से पूरे देश में आध्यात्मिक चेतना का प्रकाश फैलाया। आचार्य जी द्वारा दिया गया अमर संकल्प—“हम बदलेंगे, युग बदलेगा”—आज भी पूरे विश्व के लिए एक मार्गदर्शक मंत्र बना हुआ है। उन्होंने गायत्री मंत्र और यज्ञीय परंपरा के माध्यम से जन-जन को अंतर्मन की शुद्धता और आत्मिक जागरण के मार्ग पर अग्रसर किया।
श्री बिरला ने अपने व्यक्तिगत अनुभवों को साझा करते हुए कहा कि उन्होंने देश के सुदूर गांवों और ढाणियों तक आचार्य जी के दर्शन का परिवर्तनकारी प्रभाव देखा है। इस विचार क्रांति ने समाज को अंधविश्वासों, कुरीतियों और कठिन परिस्थितियों से बाहर निकालकर व्यक्तित्व विकास व चरित्र निर्माण का मार्ग दिखाया है।
माता भगवती देवी जी का जीवन महिला सशक्तीकरण की प्रेरणा
वंदनीय माता भगवती देवी जी को नमन करते हुए श्री ओम बिरला ने कहा कि उनका जीवन करुणा, तप, समर्पण और मातृत्व का अनूठा उदाहरण है। उन्होंने कहा, "माता जी का योगदान केवल आध्यात्मिक जागरण तक सीमित नहीं था, बल्कि उन्होंने उस दौर में महिला सशक्तीकरण और नारी जागरण आंदोलन का नेतृत्व किया जब महिलाएं तमाम सामाजिक चुनौतियों से जूझ रही थीं।"
उन्होंने कहा कि माता जी ने महिलाओं को शिक्षा, आत्मबल और आत्मनिर्भरता की ओर प्रेरित किया। एक महिला का विकास पूरे परिवार और समाज की प्रगति का आधार बनता है, और यही दृष्टि आज देश में संचालित विभिन्न महिला सशक्तीकरण पहलों में भी दिखाई देती है।
वैश्विक तनाव के दौर में शांति का केंद्र है गायत्री परिवार
संबोधन के दौरान लोकसभा अध्यक्ष ने भारतीय आध्यात्मिक विरासत और सांस्कृतिक मूल्यों को वैश्विक स्तर पर पहुँचाने के लिए गायत्री परिवार के प्रयासों को सराहा। उन्होंने कहा कि आज के समय में जब दुनिया तनाव और अवसाद से गुजर रही है, तब गायत्री परिवार का आध्यात्मिक केंद्र लोगों को मानसिक शांति, आत्मविश्वास और जीवन को सही दिशा प्रदान कर रहा है।
श्री बिरला ने संस्था द्वारा संचालित विश्वविद्यालय में मूल्यपरक शिक्षा और चरित्र निर्माण पर दिए जाने वाले बल की प्रशंसा की। साथ ही, उन्होंने डॉ. चिन्मय पांड्या के प्रयासों की भी सराहना की, जो भारतीय परंपराओं को विज्ञान और आधुनिक तकनीक के साथ समन्वयित करके विश्व पटल पर ले जा रहे हैं।
समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे बदलाव की रोशनी
कार्यक्रम के अंत में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने गायत्री परिवार के कार्यकर्ताओं और समर्थकों से आह्वान किया कि अखंड ज्योति का यह प्रकाश देश के प्रत्येक गांव और समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। उन्होंने विश्वास जताया कि श्रीराम शर्मा आचार्य जी और माता भगवती देवी जी द्वारा प्रज्वलित आध्यात्मिक ऊर्जा सदैव एक समरस, जागरूक और सशक्त भारत के निर्माण में मार्गदर्शक बनी रहेगी।